
आगरा, 23 अप्रैल 2026
बॉलीवुड अभिनेत्री और भाजपा सांसद *कंगना रनौत* की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। किसान आंदोलन को लेकर दिए गए उनके विवादित बयानों के मामले में आज आगरा के दीवानी न्यायालय में सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान कंगना रनौत की अधिवक्ता ने अदालत के समक्ष अपना पक्ष रखने और जवाब दाखिल करने के लिए अतिरिक्त समय की मांग की है।
### *क्या है पूरा मामला?*
यह मामला कंगना रनौत द्वारा सोशल मीडिया और साक्षात्कारों में किसान आंदोलन को लेकर की गई टिप्पणियों से जुड़ा है। आगरा के एक अधिवक्ता ने उनके बयानों को समाज में वैमनस्य फैलाने और किसानों का अपमान करने वाला बताते हुए अदालत में वाद दायर किया था। पिछली सुनवाई में अदालत ने कंगना रनौत को नोटिस जारी कर अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया था।
### *अधिवक्ता की दलील और कोर्ट का रुख*
आज की कार्यवाही के दौरान कंगना की कानूनी टीम ने अदालत को बताया कि उन्हें मामले से जुड़े तथ्यों का गहराई से अध्ययन करने और विस्तृत जवाब तैयार करने के लिए कुछ और समय चाहिए। वादी पक्ष के कड़े विरोध के बावजूद, अदालत ने न्याय प्रक्रिया को ध्यान में रखते हुए अभिनेत्री की टीम को राहत दी है।
न्यायालय ने इस मामले की अगली तारीख तय कर दी है। अब इस पूरे प्रकरण पर *30 अप्रैल* को आदेश आने की संभावना है। कानूनी गलियारों में इस बात की चर्चा तेज है कि क्या अदालत कंगना के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज करने का आदेश देगी या उन्हें इस मामले में राहत मिलेगी।
### *राजनीतिक गलियारों में हलचल*
चूंकि कंगना रनौत वर्तमान में सांसद भी हैं, इसलिए इस कानूनी लड़ाई पर राजनीतिक दलों की भी पैनी नजर है। किसानों से जुड़े संवेदनशील मुद्दे पर उनकी टिप्पणी ने पहले ही काफी विवाद पैदा किया है, और अब आगरा कोर्ट का आगामी फैसला उनके राजनीतिक और फिल्मी करियर के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।

