AI Layoffs 2026: 6 महीनों में 1.28 लाख कर्मचारियों की नौकरी गई, भारत दूसरा सबसे ज्यादा प्रभावित देश
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तेजी से दुनिया की टेक इंडस्ट्री को बदल रहा है। जहां एक ओर AI कंपनियों की उत्पादकता बढ़ाने और लागत कम करने में मदद कर रहा है, वहीं दूसरी ओर लाखों कर्मचारियों की नौकरियों पर भी इसका असर साफ दिखाई देने लगा है। Layoffs.fyi के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, 2026 के पहले छह महीनों में ही AI से जुड़ी वैश्विक टेक छंटनी 1.28 लाख कर्मचारियों तक पहुंच गई, जो पूरे 2025 में हुई 1.25 लाख छंटनी से भी अधिक है।
2026 में रिकॉर्ड स्तर पर पहुंची AI छंटनी
रिपोर्ट के अनुसार, कंपनियां तेजी से AI और ऑटोमेशन तकनीकों को अपना रही हैं। इसके चलते कई पारंपरिक नौकरियों की जरूरत कम होती जा रही है और बड़े पैमाने पर वर्कफोर्स का पुनर्गठन किया जा रहा है।
आंकड़ों के अनुसार:
- 2020: लगभग 81,000 छंटनी
- 2021: छंटनी में गिरावट
- 2022: 1.65 लाख से अधिक छंटनी
- 2023: लगभग 2.66 लाख (रिकॉर्ड स्तर)
- 2025: 1.25 लाख
- 2026 (1 जुलाई तक): 1.28 लाख से अधिक
यह दर्शाता है कि AI का रोजगार पर प्रभाव अभी भी लगातार बना हुआ है।
भारत दूसरा सबसे ज्यादा प्रभावित देश
जनवरी 2020 से जुलाई 2026 तक के आंकड़ों के अनुसार:
- अमेरिका: 71.33% AI आधारित टेक छंटनी
- भारत: 7.16%
- जर्मनी: 3.43%
- ब्रिटेन: 2.64%
- अन्य देश: 15.44%
इस सूची में भारत दूसरे स्थान पर है, जो देश के तेजी से बढ़ते टेक सेक्टर और AI अपनाने की रफ्तार को भी दर्शाता है।
किन सेक्टरों पर सबसे ज्यादा असर?
भारत में AI आधारित छंटनी सभी क्षेत्रों में समान नहीं रही।
सबसे ज्यादा प्रभावित सेक्टर:
- शिक्षा: 21.67%
- फाइनेंस: 14.73%
- फूड इंडस्ट्री: 12.26%
- ट्रांसपोर्ट: 11.03%
- कंज्यूमर बिजनेस: 11%
विशेषज्ञों का मानना है कि दोहराए जाने वाले कार्यों को AI द्वारा ऑटोमेट किए जाने के कारण इन क्षेत्रों में नौकरियों पर अधिक प्रभाव पड़ा है।
AI नए अवसर भी पैदा कर रहा है
हालांकि AI कई पारंपरिक नौकरियों को प्रभावित कर रहा है, लेकिन इसके साथ ही नए रोजगार के अवसर भी सामने आ रहे हैं।
इन क्षेत्रों में मांग लगातार बढ़ रही है:
- मशीन लर्निंग
- डेटा साइंस
- AI डेवलपमेंट
- AI इंजीनियरिंग
- साइबर सिक्योरिटी
- क्लाउड कंप्यूटिंग
- AI प्रोडक्ट मैनेजमेंट
विशेषज्ञों का मानना है कि भविष्य में AI के साथ काम करने वाले कुशल पेशेवरों की मांग और बढ़ेगी।
निष्कर्ष
AI तकनीक दुनिया की अर्थव्यवस्था और रोजगार बाजार को तेजी से बदल रही है। जहां एक ओर यह कंपनियों की दक्षता बढ़ा रही है, वहीं दूसरी ओर पारंपरिक नौकरियों पर दबाव भी बढ़ रहा है। ऐसे में कर्मचारियों के लिए नई तकनीकों को सीखना और खुद को अपस्किल करना पहले से कहीं ज्यादा जरूरी हो गया है।
FAQ
2026 में AI के कारण कितनी नौकरियां गईं?
1 जुलाई 2026 तक वैश्विक स्तर पर लगभग 1.28 लाख टेक कर्मचारियों की नौकरी गई।
सबसे ज्यादा प्रभावित देश कौन सा है?
अमेरिका पहले और भारत दूसरे स्थान पर है।
भारत में सबसे ज्यादा कौन-सा सेक्टर प्रभावित हुआ?
शिक्षा क्षेत्र सबसे अधिक प्रभावित रहा, जहां AI आधारित छंटनी 21.67% रही।
