
* दो जिलों में FIR: संदीप पाठक के खिलाफ पंजाब के दो अलग-अलग जिलों में मामले दर्ज किए गए हैं। सूत्रों के अनुसार, एक मामला कथित भ्रष्टाचार से जुड़ा है, जबकि दूसरा महिला शोषण से संबंधित है। [2, 9, 10, 11]
* गैर-जमानती धाराएं: दोनों ही एफआईआर में पुलिस ने गैर-जमानती धाराएं लगाई हैं, जिसके बाद उनकी गिरफ्तारी की तलवार लटक गई है। [7, 12]
* दिल्ली में पुलिस की दबिश: पंजाब पुलिस की एक टीम दिल्ली के पंडारा पार्क स्थित संदीप पाठक के आवास पर पहुंची। हालांकि, खबरों के मुताबिक पुलिस के पहुंचने से पहले ही वह अपने घर के पिछले गेट से गाड़ी में बैठकर निकल गए। [2, 11, 13]
* संदीप पाठक की प्रतिक्रिया: पाठक ने इन आरोपों पर कहा कि उन्हें किसी एफआईआर की आधिकारिक जानकारी नहीं है और न ही किसी पुलिस अधिकारी ने उनसे संपर्क किया है। उन्होंने इसे राजनीतिक प्रतिशोध बताते हुए कहा कि वह ईमानदारी से देश की सेवा करते रहेंगे। [10, 14]
* राजनीतिक टकराव: भाजपा ने इस कार्रवाई को आम आदमी पार्टी की ‘बदले की राजनीति’ करार दिया है। भाजपा नेता तरुण चुघ और अश्विनी शर्मा ने आरोप लगाया कि भगवंत मान सरकार पुलिस का इस्तेमाल राजनीतिक हथियार के रूप में कर रही है। [15, 16]
पृष्ठभूमि:
संदीप पाठक उन सात राज्यसभा सांसदों में शामिल हैं जिन्होंने हाल ही में 24 अप्रैल को आम आदमी पार्टी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी का दामन थामा था। वह 2022 के पंजाब विधानसभा चुनाव में आप की जीत के मुख्य रणनीतिकार माने जाते थे। उनके दल बदलने के बाद से ही पंजाब में सियासी माहौल गरमाया हुआ है।
